जशपुर: डिजिटल जनगणना के लिए फील्ड ट्रेनर्स का तीन दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न
जशपुर | 26 मार्च 2026 छत्तीसगढ़ में जनगणना की प्रक्रिया ने गति पकड़ ली है। इसी कड़ी में जशपुर जिले के कलेक्टरेट स्थित 'मंत्रणा' सभाकक्ष में आयोजित तीन दिवसीय फील्ड ट्रेनर प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफलतापूर्वक समापन हुआ। 23 मार्च से 25 मार्च तक चले इस प्रशिक्षण में जिले के विभिन्न तहसीलों से आए ट्रेनर्स को डिजिटल जनगणना की बारीकियों से अवगत कराया गया।
मास्टर ट्रेनर्स ने दी विस्तृत जानकारी
राज्य स्तर (रायपुर) से प्रशिक्षण प्राप्त कर लौटे मास्टर ट्रेनर डॉ. एम.जेड.यू. सिद्दीकी (प्राचार्य, डाइट जशपुर) एवं श्री डी.आर. राठिया (सहायक प्राध्यापक, एन.ई.एस. महाविद्यालय) ने संभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया। प्रशिक्षण के दौरान निम्नलिखित मुख्य बिंदुओं पर चर्चा की गई:
जनगणना फ्रेमवर्क: जनगणना का प्रारंभिक परिचय और इसके संगठनात्मक ढांचे की जानकारी।
नजरी नक्शा एवं नंबरिंग: फील्ड में नजरी नक्शा तैयार करना, भवनों और मकानों पर नंबर डालने की प्रक्रिया।
पारिभाषिक स्पष्टता: परिवार, संस्थागत परिवार और बेघर परिवारों की जनगणना संबंधी सटीक परिभाषाएं।
प्रश्नावली: प्रगणकों द्वारा फील्ड में पूछे जाने वाले प्रश्नों और जानकारी दर्ज करने का तरीका।
16 साल बाद हो रही देश की पहली 'डिजिटल जनगणना'
आजादी के बाद होने वाली यह आठवीं जनगणना कई मायनों में ऐतिहासिक है। 16 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद हो रही यह प्रक्रिया पूरी तरह से डिजिटल होगी। इसकी मुख्य विशेषताएं निम्न हैं:
HLO ऐप: पूरी जानकारी मोबाइल ऐप (HLO App) के माध्यम से दर्ज की जाएगी।
स्व-जनगणना: नागरिक स्वयं भी मोबाइल ऐप के जरिए अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे।
पारदर्शिता: डिजिटल माध्यम से डेटा संकलन में शुद्धता और तेजी आएगी।
गम्हरिया ग्राम पंचायत में हुआ मैदानी प्रशिक्षण
प्रशिक्षण के अंतिम दिन केवल सैद्धांतिक ही नहीं, बल्कि व्यावहारिक ज्ञान पर भी जोर दिया गया। फील्ड ट्रेनर्स को ग्राम पंचायत गम्हरिया ले जाया गया, जहाँ उन्होंने वास्तविक रूप से भवनों की गणना की और निवासियों से प्रश्न पूछकर डेटा संकलन का अभ्यास किया। फील्ड से लौटने के बाद ट्रेनर्स की शंकाओं का समाधान मास्टर ट्रेनर्स द्वारा किया गया।
निष्पक्षता और गोपनीयता के निर्देश
समापन समारोह में सहायक कलेक्टर श्री अनिकेत अशोक एवं जिला जनगणना अधिकारी श्री प्रशांत कुशवाहा (डिप्टी कलेक्टर) उपस्थित रहे। अधिकारियों ने सभी फील्ड ट्रेनर्स, प्रगणकों और सुपरवाइजरों को संबोधित करते हुए कहा कि जनगणना एक राष्ट्रीय महत्व का कार्य है। इसे पूरी ईमानदारी, निष्पक्षता और गोपनीयता के साथ समय सीमा में पूर्ण किया जाना अनिवार्य है।





